पर्यावरणप्रेमियों के विरोध के बीच काटे गए सौ पेड़
भानियावाला-ऋषिकेश फोरलेन मार्ग निर्माण के लिए चार दिन बाद पेड़ों का कटान शुरू हो गया है। पेड़ कटान में पर्यावरणप्रेमी व्यवधान न डालें इसके लिए पर्याप्त संख्या में पुलिस बल तैनात किया गया था। हल्के-फुल्के विरोध के बीच पेड़ों का कटान किया गया। सोमवार को करीब 100 पेड़ काटे गए।भानियावाला-ऋषिकेश फोरलेन मार्ग के लिए 19 किमी के दायरे में संरक्षित प्रजाति के करीब 3 हजार से अधिक पेड़ काटे जाने हैं। करीब डेढ़ सप्ताह पूर्व पेड़ों का कटान शुरू हुआ था। लेकिन यहां लगातार पर्यावरणप्रेमी पेड़ों के कटान का विरोध कर रहे थे।बीते बृहस्पतिवार को वन निगम ने यह कह कर पेड़ों का कटान बंद कर दिया था कि जब तक पर्याप्त पुलिस बल तैनात नहीं किया जाता, पेड़ों का कटान नहीं किया जाएगा। सोमवार को सुबह 9 बजे से पहले ही पेड़ कटान वाले स्थान पर पुलिस तैनात कर दी गई थी। हालांकि पेड़ों के कटान का विरोध करने वाले पर्यावरण प्रेमियों की संख्या भी अन्य दिनों की तुलना काफी कम थी, जिससे हल्के-फुल्के विरोध के बीच पेड़ों का कटान शुरू हुआ। जो देर शाम तक चलता रहा।कार्य में व्यवधान के आरोप में दो गिरफ्तारपेड़ों के कटान कार्य के विरोध के दौरान एक पर्यावरण प्रेमी पेड़ों से चिपक गया तो एक युवक बीच हाईवे पर बैठ गया। पुलिस व वनकर्मियों के काफी समझाने के बाद भी जब पर्यावरण प्रेमी नहीं माने तो पुलिस दोनों को उठाकर कोतवाली ले आई। एक महिला रोते हुए कही कि हम लाशों (कटे हुए पेड़ों) पर खड़े होकर सिर्फ रो सकते हैं।प्रभारी निरीक्षक यशपाल सिंह बिष्ट ने बताया कि दोनों व्यक्तियों को समझाने का भरसक प्रयास किया गया, बावजूद कार्य में बाधा उत्पन्न करना जारी रखा गया। जिस पर कुंदन सिंह बिष्ट व रणविजय सिंह के खिलाफ शांति भंग के आरोप में चालानी कार्रवाई की गई।—मजदूरों की संख्या बढ़ेगीवन निगम के अधिकारियों ने बताया कि इस माह के अंत तक कटान कार्य पूर्ण करने का लक्ष्य रखा गया है। हर दिन कम से कम 200 पेड़ काटे जाएंगे। मंगलवार से मजदूरों की संख्या भी बढ़ाई जाएगी। अभी करीब 16 मजदूर पेड़ कटान में लगे हुए हैं। इसके अलावा दो जेसीबी व हाइड्रा मशीन भी कटान कार्य में लगे हैं।
