हरिद्वार के कायाकल्प की दिशा में बड़ा कदम, 235 करोड़ की चार परियोजनाओं का शिलान्यास
अमीषा भट्ट
महाकुंभ-2027 से पहले बदलेगी धर्मनगरी की तस्वीर, हर की पैड़ी, सुभाष घाट और रोड़ी बेलवाला का होगा पुनर्विकास हरिद्वार, 22 जुलाई। धर्मनगरी हरिद्वार को आधुनिक, सुरक्षित, सुव्यवस्थित और विश्वस्तरीय आध्यात्मिक नगरी के रूप में विकसित करने की दिशा में राज्य सरकार ने बड़ा कदम उठाया है।
मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने हरिद्वार-ऋषिकेश गंगा कॉरिडोर के तहत लगभग 235 करोड़ रुपये की चार महत्वपूर्ण परियोजनाओं का भूमि पूजन एवं शिलान्यास किया। इन परियोजनाओं से आगामी महाकुंभ-2027 और कांवड़ यात्रा की तैयारियों को नई गति मिलने के साथ ही हरिद्वार की आधारभूत सुविधाओं में बड़ा बदलाव देखने को मिलेगा।अलकनंदा होटल में आयोजित समारोह में मुख्यमंत्री ने 43.25 करोड़ रुपये की प्रशासनिक मार्ग कॉरिडोर विकास परियोजना का भूमि पूजन किया। इसके साथ ही 66.76 करोड़ रुपये की लागत से हर की पैड़ी एवं सुभाष घाट के पुनरुद्धार, 66.34 करोड़ रुपये की लागत से हर की पैड़ी के उत्तर क्षेत्र में आधारभूत अवसंरचना विकास तथा 58.84 करोड़ रुपये की लागत से रोड़ी बेलवाला क्षेत्र के पुनर्विकास कार्यों का शिलान्यास किया गया।
महाकुंभ से पहले पूरा होंगी परियोजनाएंमुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने कहा कि इन परियोजनाओं का उद्देश्य केवल सौंदर्यीकरण नहीं, बल्कि हरिद्वार को आधुनिक सुविधाओं से युक्त विश्वस्तरीय आध्यात्मिक और सांस्कृतिक नगरी के रूप में विकसित करना है। उन्होंने अधिकारियों को सभी परियोजनाओं को निर्धारित समयसीमा में गुणवत्तापूर्ण और पारदर्शी तरीके से पूरा करने के निर्देश दिए।उन्होंने कहा कि आगामी महाकुंभ-2027 को ऐतिहासिक, दिव्य, भव्य, सुरक्षित और सुव्यवस्थित बनाने के लिए राज्य सरकार युद्धस्तर पर तैयारियों में जुटी है।
नए घाटों और पुलों का निर्माण, संपर्क मार्गों का चौड़ीकरण, यातायात व्यवस्था का आधुनिकीकरण और श्रद्धालुओं की सुविधाओं का विस्तार इसी व्यापक योजना का हिस्सा है।हरिद्वार में विकसित हो रही आधुनिक सुविधाएंमुख्यमंत्री ने बताया कि बहादराबाद-सिडकुल से शिवालिक नगर तक सड़क चौड़ीकरण, ज्वालापुर और शिवालिक नगर के बीच रोह नदी पर नए पुल तथा पतंजलि योगपीठ से फेरूपुर तक संपर्क मार्ग के चौड़ीकरण एवं सुदृढ़ीकरण का कार्य भी प्रगति पर है।इसके साथ ही हरिद्वार मेडिकल कॉलेज का निर्माण अंतिम चरण में है।
लालढांग में मॉडल डिग्री कॉलेज और श्यामपुर में स्वास्थ्य केंद्र की स्थापना की जा रही है। श्रद्धालुओं की सुविधा के लिए हेलीपोर्ट, पॉड टैक्सी और हर की पैड़ी से मां चंडी देवी एवं मां मनसा देवी तक रोपवे परियोजनाओं पर भी काम चल रहा है।कांवड़ पटरी मार्ग का होगा स्थायी विकासमुख्यमंत्री ने कहा कि पहले कांवड़ यात्रा के दौरान अस्थायी व्यवस्थाओं पर अधिक जोर दिया जाता था, लेकिन अब राज्य सरकार ने कांवड़ पटरी मार्ग के स्थायी और आधुनिक विकास की दिशा में कार्य शुरू किया है। इससे हर वर्ष आने वाले करोड़ों कांवड़ यात्रियों और श्रद्धालुओं को सुरक्षित एवं बेहतर सुविधाएं उपलब्ध होंगी।उन्होंने कहा कि हरिद्वार में आधारभूत सुविधाओं के विकास से पर्यटन, व्यापार, होटल व्यवसाय, परिवहन, हस्तशिल्प और सेवा क्षेत्र को बढ़ावा मिलेगा।
इससे स्थानीय युवाओं के लिए रोजगार और स्वरोजगार के नए अवसर भी सृजित होंगे।कैबिनेट मंत्री सतपाल महाराज ने कहा कि हरिद्वार में विश्वस्तरीय आधारभूत संरचना के विकास से श्रद्धालुओं को बेहतर सुविधाएं मिलने के साथ ही प्रदेश की पर्यटन और स्थानीय अर्थव्यवस्था को दीर्घकालिक लाभ मिलेगा।
इस अवसर पर कैबिनेट मंत्री मदन कौशिक, विधायक प्रदीप बत्रा एवं राम सिंह कैड़ा सहित अनेक जनप्रतिनिधि और वरिष्ठ अधिकारी मौजूद रहे। यूआईआईडीबी के प्रबंध निदेशक एवं प्रमुख सचिव आर. मीनाक्षी सुंदरम ने परियोजनाओं की जानकारी देते हुए बताया कि महाकुंभ से पहले सभी परियोजनाओं को पूरा करने के लिए विशेष प्रयास किए जा रहे हैं।
